इस दिन खाटू श्याम जी के चरणों में करें प्रार्थना, हर समस्या का होगा समाधान
मान्यता है कि खाटू श्याम जी (बाबा खाटू श्याम) व्यक्ति का सहारा बनते हैं और उसे दुखों से बचाते हैं।
जैसे उन्हें तीन बाण धारी हारे का सहारा, शीश का दानी और लखतार भी कहा जाता है।
मान्यता है कि जो भी भक्त पूरी श्रद्धा से बाबा के चरणों में पहुंचता है, उसकी मनोकामना जरूर पूरी होती है।
राजस्थान के सीकर जिले में स्थित खाटू श्याम मंदिर की मान्यता काफी भव्य है।
कुछ खास मौकों पर तो बाबा के दर्शन के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है।
ऐसे में जानिए खाटू श्याम बाबा के चरणों में प्रार्थना करने के लिए कौन सा दिन सबसे अच्छा है।
खाटू श्याम जी की कहानी महाभारत युद्ध से जुड़ी है।
दरअसल भीम के पुत्र और घटोत्कच के पुत्र बर्बरीक हैं।
कई विद्वानों के अनुसार इन्हें भगवान कृष्ण का कलयुगी अवतार भी माना जाता है।
कथा के अनुसार बर्बरीक भी महाभारत के युद्ध में भाग लेना चाहता था।
बाबा खाटू श्याम को हारे का सहारा कहा जाता है।